लेखनक्रमधर्मः। अंशलेखधर्मस्य (९ जन) अनन्तरं अत्र लेखनक्रमः: लेखनक्रमधर्मः हेतुक्रमः एकलेखकः बाधा। लेखनक्रमधर्मः।
English (minimizable)
After shard writes (9 Jan), this post covers write ordering: single-writer regions, causal barriers, linearizable points and why silent reordering breaks client stories.
पूर्ण-शीर्षकम् / Full title
लेखनक्रमधर्मः: A Metrical Codification of Write-Order Dharma (with English glosses)
English · overview and topics (minimizable)
What this post is about
Order is part of truth. If two writes can pass each other without a law the client’s story becomes fiction.
Topics
- Why order
- Single-writer regions
- Causal barriers
- Linearizable points
- Client observed order
- Reorder bugs
- Idempotency keys
- Cross-region lag
- Not total order everywhere
- Five limbs
- Close
- Seal
Sanskrit title
लेखनक्रमधर्मः = dharma of write order.
English
Minimizable; Sanskrit-first.
परम्परा-सन्धिः / Series links
| पूर्वं / Prior | अत्र / Adds | न पुनः / Does not repeat |
|---|---|---|
| अंशलेखधर्मः (९ जन) | where writes land | not order law |
| सहमतिक्षणधर्मः (२ जन) | consensus | order tool |
| तार्किककालधर्मः (१६ दिसं) | logical time | cousin |
| अत्र | write ordering | - |
ग्राह्य-त्याज्य-विवेकः / Keep and avoid
ग्राह्यम् / Keep
१. name which ops need linear order: scope
२. use barriers after critical writes: causal
३. single writer per entity key: simple
४. test with concurrent clients: prove
५. avoid global lock for all writes: cost
त्याज्यम् / Avoid
- Any replica accepts any write unordered
- No barrier after password change
- Global mutex on all traffic
- Ignore client-visible reorder
अध्याय-योजना / Chapter plan
| प्रकरणम् | विषयः | छन्दः | श्लोकाः |
|---|---|---|---|
| १ | मङ्गलं बीजं च / Opening | अनुष्टुभ् | २ |
| २ | मूलतत्त्वानि / Core | अनुष्टुभ् | २ |
| ३ | मुख्यविधिः / Method | उपजाति | १ |
| ४ | रक्षा · विधिः / Guards | अनुष्टुभ् | २ |
| ५ | विवेक · सीमा / Judgment | अनुष्टुभ् | २ |
| ६ | पूर्वसन्धिः / Series links | उपजाति | १ |
| ७ | उपसंहारः / Close | अनुष्टुभ् | २ |
पारिभाषिक-कोशः / Glossary
| Modern English | संस्कृतम् | Note |
|---|---|---|
| write order | लेखनक्रमः | sequence of mutations |
| barrier | क्रमबाधा | wait-until-visible fence |
| single writer | एकलेखकः | one active mutator |
| linearizable | सरलरेखीय | real-time order point |
| reorder | क्रमभङ्गः | swapped visibility |
श्लोकः १ (अनुष्टुभ्)
अक्रमेषु ग्राहककथा मिथ्या भवेत् ॥१॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
लेखनक्रमः सत्यस्य अंशः न तु अलङ्कारः पथे ।
अक्रमेषु ग्राहककथा मिथ्या भवेत् ॥१॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| लेखनक्रमः | लेखनक्रमः |
| सत्यस्य | सत्यस्य |
| अंशः | अंशः |
| न | न |
| तु | तु |
| अलङ्कारः | अलङ्कारः |
| पथे | पथे |
| अक्रमेषु | अक्रमेषु |
| ग्राहककथा | ग्राहककथा |
| मिथ्या | मिथ्या |
| भवेत् | भवेत् |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
Write order is part of truth not decoration; reorder invents false stories.
Context / topic
why
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकः २ (अनुष्टुभ्)
सर्वत्र लोहे क्रमः व्ययं वेगं च हन्ति ॥२॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
यत्र कथा भिद्यते तत्र क्रमं नाम्ना रक्ष ।
सर्वत्र लोहे क्रमः व्ययं वेगं च हन्ति ॥२॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| यत्र | यत्र |
| कथा | कथा |
| भिद्यते | भिद्यते |
| तत्र | तत्र |
| क्रमं | क्रमं |
| नाम्ना | नाम्ना |
| रक्ष | रक्ष |
| सर्वत्र | सर्वत्र |
| लोहे | लोहे |
| क्रमः | क्रमः |
| व्ययं | व्ययं |
| वेगं | वेगं |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
Guard order where stories break; iron order everywhere kills cost and speed.
Context / topic
scope
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकः ३ (उपजाति)
बहुलेखके कथा द्विधा सदा ।
वरणं स्पष्टं धरेत् हि सम्यक् ।
एवं एकलेखधर्मः सम्यक् ॥३॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
एकलेखकं कुञ्चिकायां कुरु ।
बहुलेखके कथा द्विधा सदा ।
वरणं स्पष्टं धरेत् हि सम्यक् ।
एवं एकलेखधर्मः सम्यक् ॥३॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| एकलेखकं | एकलेखकं |
| कुञ्चिकायां | कुञ्चिकायां |
| कुरु | कुरु |
| बहुलेखके | बहुलेखके |
| कथा | कथा |
| द्विधा | द्विधा |
| सदा | सदा |
| वरणं | वरणं |
| स्पष्टं | स्पष्टं |
| धरेत् | धरेत् |
| हि | हि |
| सम्यक् | सम्यक् |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
English sense
One writer per entity key keeps the plot single.
Context / topic
single
वृत्तमिति: एकादशाक्षराः पादाः।
श्लोकः ४ (अनुष्टुभ्)
अबाधे पश्चात्पठनं पुराणं स्पृशेत् ॥४॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
गूढलेखानन्तरं बाधां योजय दृश्यं प्रतीक्षस्व ।
अबाधे पश्चात्पठनं पुराणं स्पृशेत् ॥४॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| गूढलेखानन्तरं | गूढलेखानन्तरं |
| बाधां | बाधां |
| योजय | योजय |
| दृश्यं | दृश्यं |
| प्रतीक्षस्व | प्रतीक्षस्व |
| अबाधे | अबाधे |
| पश्चात्पठनं | पश्चात्पठनं |
| पुराणं | पुराणं |
| स्पृशेत् | स्पृशेत् |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
After critical writes place a barrier so the next read is not a ghost.
Context / topic
barrier
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकः ५ (अनुष्टुभ्)
सर्वबिन्दौ लोहो जालं स्तम्भयति सदा ॥५॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
सरलरेखीयबिन्दुं यत्र धनं वा अधिकारः ।
सर्वबिन्दौ लोहो जालं स्तम्भयति सदा ॥५॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| सरलरेखीयबिन्दुं | सरलरेखीयबिन्दुं |
| यत्र | यत्र |
| धनं | धनं |
| वा | वा |
| अधिकारः | अधिकारः |
| सर्वबिन्दौ | सर्वबिन्दौ |
| लोहो | लोहो |
| जालं | जालं |
| स्तम्भयति | स्तम्भयति |
| सदा | सदा |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
Linearizable points for money and auth not for every click.
Context / topic
lin
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकः ६ (अनुष्टुभ्)
एकलेखपरीक्षायां दोषो सुप्तः तिष्ठति ॥६॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
सहलेखकैः परीक्षस्व क्रमभङ्गं मा आशया ।
एकलेखपरीक्षायां दोषो सुप्तः तिष्ठति ॥६॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| सहलेखकैः | सहलेखकैः |
| परीक्षस्व | परीक्षस्व |
| क्रमभङ्गं | क्रमभङ्गं |
| मा | मा |
| आशया | आशया |
| एकलेखपरीक्षायां | एकलेखपरीक्षायां |
| दोषो | दोषो |
| सुप्तः | सुप्तः |
| तिष्ठति | तिष्ठति |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
Hunt reorder with concurrent clients; single-thread tests sleep on bugs.
Context / topic
test
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकः ७ (अनुष्टुभ्)
अचिह्ने द्विलेखे कोशो कम्पते नित्यम् ॥७॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
पुनरावृत्तिचिनं देहि यत्र नेटः द्विधा वहति ।
अचिह्ने द्विलेखे कोशो कम्पते नित्यम् ॥७॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| पुनरावृत्तिचिनं | पुनरावृत्तिचिनं |
| देहि | देहि |
| यत्र | यत्र |
| नेटः | नेटः |
| द्विधा | द्विधा |
| वहति | वहति |
| अचिह्ने | अचिह्ने |
| द्विलेखे | द्विलेखे |
| कोशो | कोशो |
| कम्पते | कम्पते |
| नित्यम् | नित्यम् |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
Idempotency keys when the net may deliver twice.
Context / topic
idem
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकः ८ (अनुष्टुभ्)
भ्रष्टभित्तौ कथा विपर्ययं याति सदा ॥८॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
क्षेत्रान्तरविलम्बे क्रमं मा भित्तिकालैः कुरु ।
भ्रष्टभित्तौ कथा विपर्ययं याति सदा ॥८॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| क्षेत्रान्तरविलम्बे | क्षेत्रान्तरविलम्बे |
| क्रमं | क्रमं |
| मा | मा |
| भित्तिकालैः | भित्तिकालैः |
| कुरु | कुरु |
| भ्रष्टभित्तौ | भ्रष्टभित्तौ |
| कथा | कथा |
| विपर्ययं | विपर्ययं |
| याति | याति |
| सदा | सदा |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
Do not order cross-region by wall clocks alone.
Context / topic
clock
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकः ९ (अनुष्टुभ्)
अंशक्रमः प्रायः पर्याप्तः सत्ये नित्यम् ॥९॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
पूर्णजगत्क्रमः क्वचित् न आवश्यकः पथे ।
अंशक्रमः प्रायः पर्याप्तः सत्ये नित्यम् ॥९॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| पूर्णजगत्क्रमः | पूर्णजगत्क्रमः |
| क्वचित् | क्वचित् |
| न | न |
| आवश्यकः | आवश्यकः |
| पथे | पथे |
| अंशक्रमः | अंशक्रमः |
| प्रायः | प्रायः |
| पर्याप्तः | पर्याप्तः |
| सत्ये | सत्ये |
| नित्यम् | नित्यम् |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
Global total order is rare medicine; local order often cures.
Context / topic
not global
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकः १० (उपजाति)
रेखां परीक्षां चिह्नम् हि सम्यक् ।
विलम्बं अंशविवेकम् एव ।
पञ्चाङ्गं लेखनक्रम उच्यते ॥१०॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
नाम एकं बाधाम् सदा सम्यक् ।
रेखां परीक्षां चिह्नम् हि सम्यक् ।
विलम्बं अंशविवेकम् एव ।
पञ्चाङ्गं लेखनक्रम उच्यते ॥१०॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| नाम | नाम |
| एकं | एकं |
| बाधाम् | बाधाम् |
| सदा | सदा |
| सम्यक् | सम्यक् |
| रेखां | रेखां |
| परीक्षां | परीक्षां |
| चिह्नम् | चिह्नम् |
| हि | हि |
| विलम्बं | विलम्बं |
| अंशविवेकम् | अंशविवेकम् |
| एव | एव |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
English sense
Five limbs: named scope, single writer+barrier, lin points+test, idem+clock, not-global.
Context / topic
five
वृत्तमिति: एकादशाक्षराः पादाः।
श्लोकः ११ (अनुष्टुभ्)
मापितक्रमं कर्मयोग्यं तन्त्रधर्मः स उच्यते ॥११॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
इति लेखनक्रमसारः कथासत्यसमन्वितः ।
मापितक्रमं कर्मयोग्यं तन्त्रधर्मः स उच्यते ॥११॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| इति | इति |
| लेखनक्रमसारः | लेखनक्रमसारः |
| कथासत्यसमन्वितः | कथासत्यसमन्वितः |
| मापितक्रमं | मापितक्रमं |
| कर्मयोग्यं | कर्मयोग्यं |
| तन्त्रधर्मः | तन्त्रधर्मः |
| स | स |
| उच्यते | उच्यते |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
Closing: operable order under story-truth law.
Context / topic
close
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकः १२ (अनुष्टुभ्)
सर्वतालं मा क्रमधर्मः स उच्यते पथि ॥१२॥
पदच्छेदः · Word-for-word · English (minimizable)
पदच्छेदः
क्रमं नामय एकं लेखकं बाधां योजय कथां ।
सर्वतालं मा क्रमधर्मः स उच्यते पथि ॥१२॥
Word-for-word
| संस्कृतपदम् | Word-for-word English |
|---|---|
| क्रमं | क्रमं |
| नामय | नामय |
| एकं | एकं |
| लेखकं | लेखकं |
| बाधां | बाधां |
| योजय | योजय |
| कथां | कथां |
| सर्वतालं | सर्वतालं |
| मा | मा |
| क्रमधर्मः | क्रमधर्मः |
| स | स |
| उच्यते | उच्यते |
Gloss table
| पदम् | अर्थः / sense |
|---|---|
| धर्मः | dharma |
| मितम् | measured |
English sense
Name order needs, single-write keys, barrier after critical, protect the story.
Context / topic
seal
वृत्तमिति: ८-८-८-८।
श्लोकसूची / Verse index
१. क्रमं नामय
२. एकं लेखकं कुरु
३. बाधां योजय
४. दृश्यं पश्य
५. सहलेखं परीक्षस्व
६. सर्वतालं मा
७. कुञ्चिकां देहि
८. क्षेत्रे विलम्बं जान
९. पञ्चाङ्गं स्मर
१०. कथां रक्ष
११. सत्यं क्रमय
१२. धर्मं धारय
सन्दर्भाः / References
- Linearizability notes
- Causal consistency barriers
- Prior: shard write 9 Jan